
चीखों से दहल उठा श्रीराम अस्पताल
The mukhbir शहडोल। पाली रोड स्थित श्री राम अस्पताल में शनिवार शाम वह मंजर देखने को मिला जिसकी कल्पना तक कोई नहीं कर सकता। अस्पताल जैसा सुरक्षित माने जाने वाला स्थान अचानक युद्धभूमि में तब्दील हो गया, जब भर्ती महिला पर उसके ही पति ने चाकू से हमला कर दिया। वार्ड के गलियारों में गूंजती चीखें सुनकर मरीज, परिजन और स्टाफ के पैरों तले जमीन खिसक गई।
26 वर्षीय मनोरमा उपाध्याय, निवासी वार्ड नंबर 6 जयसिंहनगर, बच्चेदानी के ऑपरेशन के बाद प्राइवेट रूम नंबर 6 में भर्ती थी। मां किसी काम से नीचे गई थी और इसी अकेलेपन की घड़ी को आरोपी पति ने मौत का मौका समझ लिया। मुंबई में रहने वाला यह पति अचानक अस्पताल पहुंचा, कमरे में घुसा और दरवाजा अंदर से बंद कर लिया। इसके बाद जो हुआ, उसने दिल दहला दिया।
कुछ ही पलों बाद कमरे से उठी खौफनाक चीखें अस्पताल के गलियारों में गूंजने लगीं। अटेंडर्स और सुरक्षा कर्मी दौड़े लेकिन दरवाजा अंदर से बंद होने के कारण नहीं खुल सका। बाहर लोग बेबस, अंदर पत्नी जिंदगी के लिए जूझ रही थी। आखिरकार अस्पताल स्टाफ और अटेंडर्स ने मिलकर दरवाजा तोड़ा। दरवाजा टूटते ही सामने जो नज़ारा था… वह किसी को भी हिला देने के लिए काफी था।
मनोरमा के चेहरे और गर्दन पर चाकू से किए गए गहरे वार, खून से सना कमरा और बीच में खड़ा आरोपी पति, जिसे गुस्से और वहशत ने इंसान से हैवान बना दिया था। दरवाजा तोड़ने के दौरान एक महिला सुरक्षा कर्मी भी घायल हो गई। लेकिन लोगों ने बहादुरी दिखाते हुए आरोपी को दबोच लिया और पुलिस के हवाले कर दिया।
कोतवाली पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और आरोपी से पूछताछ शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि दंपत्ति के बीच किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था, लेकिन अस्पताल में घुसकर इस तरह हमला करना समझ से परे है। पुलिस वास्तविक वजह तलाशने में जुटी हुई है।
वहीं मनोरमा को गंभीर अवस्था में आईसीयू में भर्ती किया गया है, जहां डॉक्टरों की टीम लगातार इलाज कर रही है।
अस्पताल में हुई इस सनसनीखेज घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं. कैसे एक व्यक्ति हथियार लेकर अस्पताल के प्राइवेट रूम तक पहुंच गया..? और अगर समय पर दरवाजा न तोड़ा जाता तो क्या होता..?
शहडोल में हुए इस दिल दहला देने वाले हमले ने पूरे शहर में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। पुलिस मामले की तह तक जाने में जुटी है, जबकि अस्पताल में अब भी लोग उस खौफनाक शाम की गूंज सुन रहे हैं।
The mukhbir से सुनीता सिंह की रिपोर्ट









